6 अक्टूबर 2020 - 18:49
रातों रात राजकुमारी बन जाने वाली बेल्जियम की आर्टिस्ट महिला ने किया मीडिया का सामना!

अदालती फ़ैसले के बाद आम महिला से राजकुमारी बन जाने वाली 52 वर्षीय बेल्जियन महिला डेलफ़िन बूएल ने राजकुमारी बनने के बाद पहली बार मीडिया से बात करते हुए कहा कि उन्होंने अपनी पहिचान की जंग दौलत और ख्याति के लिए नहीं लड़ी।

पहली अकतूबर को अदालती फ़ैसले के बाद राजकुमारी का ख़िताब हासिल करने वाली डेलफ़िन बूएल ने 5 अकतूबर को पहली बार राजकुमारी की हैसियत से मीडिया का सामना किया। उन्होंने कहा कि बेल्जियम के शाही ख़ानदान से उन्हें कोई अपेक्षा नहीं है। उन्होंने कहा कि वह नहीं चाहतीं कि उन्हें राजकुमारी के रूप में पहचाना जाए।

बूएल का कहना था कि वह रास्ते में खड़ी होकर किसी को रोक कर यह नहीं कह सकतीं कि उन्हें राजकुमारी कहा जाए और अब भी उनकी इच्छा है कि उन्हें आर्टिस्ट के रूप में पहचाना जाए।

डेलफ़िन बूएल के वकीलों का कहना है कि अदालती फ़ैसले के बाद जल्द ही वह अपने नाम के आख़िर में बूएल के बजाए शाही ख़ानदान का पारिवारिक नाम इस्तेमाल करेंगी।

अदालत ने पहली अकतूबर को बूएल को राजकुमारी की बेटी मानते हुए उन्हें प्रिंसेज़ आफ़ बेल्जियम का ख़िताब दिया था।

अदालत ने बूएल को नरेश से डीएनए मैच हो जाने के बाद राजकुमारी घोषित किया था। इसी साल जनवरी में बूएल के डीएनए बेल्जियम के नरेश से मैच हो गए थे और किंग अलबर्ट द्वितीय ने उन्हें अपनी बेटी मान लिया था। इससे पहले वह कई साल से बूएल को अपनी बेटी मानने से इंकार कर रहे थे।

डेलफ़िन ने किंग को अपना पिता मानते हुए उनके ख़िलाफ़ 2013 में उस समय मुक़द्दमा दायर कर दिया था जब उन्होंने ख़राब स्वास्थ्य के कारण राजगद्दी छोड़ दी थी और उन्हें हासिल विशेष छूट भी समाप्त हो गई थी।

बूएल वैसे तो 1999 से नरेश को अपना पिता कह रही हैं लेकिन उस समय वह राजगद्दी पर थे इसलिए वहां की सरकार और अदालत उनके ख़िलाफ़ कोई कार्यवाही नहीं कर सकती थी।

डेलफ़िन बूएल ने दावा किया था कि 1999 में जब नरेश की पत्नी राजकुमारी पाओला की बायोग्राफ़ी सामने आई थी तो उसमें उन्होंने अपने पति के प्रेम प्रसंगों के बारे में कुछ बातें बताई थीं। बायोग्राफ़ी में 1960 से पहले नरेश के एक प्रेम के बारे में बताया गया था जिसके नतीजे में एक नाजायज़ बच्ची भी पैदा हुई थी।

राजकुमारी ने अपनी बायोग्राफ़ी में बूएल का कोई उल्लेख नहीं किया था लेकिन किताब सामने आने के बाद बूएल ख़ुद सामने आईं और उन्होंने दावा किया कि उनकी माता से नरेश के यौन संबंध थे। इसके बाद उनकी मां ने एक व्यापारी से विवाह कर लिया था और वहीं डेलफ़िन बूएल का जन्म हुआ था।

बूएल ने आर्टिस्ट के रूप में अपना कैरियर शुरू किया और उन्हें बेल्जियम की मशहूर आर्टिस्ट के रूप में जाना जाता है।

स्रोतः स्काई न्यूज़